1500 करोड़ के महाठग सोनी पर SIT का बड़ा प्रहार, जानिए कितने करोड़ की संपत्ति कुर्क

कानपुर, उत्तर प्रदेश: 1500 करोड़ के महाठग रवींद्रनाथ सोनी को आखिरकार कानूनी शिकंजे का सामना करना पड़ा है। विशेष जांच दल (SIT) ने इस बड़े ठग के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई करते हुए उसकी 19 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क कर ली है। सोनी पर अब तक 27 मुकदमे दर्ज हो चुके हैं, और उसकी धोखाधड़ी का साम्राज्य अब जमींदोज होता नजर आ रहा है।
सोनी का ‘काले खजाने’ का साम्राज्य
रवींद्रनाथ सोनी पर जांच एजेंसियों का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। SIT ने सोनी की 14 संपत्तियों को कुर्क किया है, जिनमें से अधिकांश संपत्तियां गुरुग्राम के आलीशान फ्लैट्स और दिल्ली की वसीयत से संबंधित हैं। यह संपत्तियां सोनी ने निवेशकों के पैसों से खरीदी थीं, जो अब ठगी का शिकार हो चुके हैं। इस कार्रवाई के बाद सोनी अब कंगाल हो गया है, और उसके आलीशान साम्राज्य का अंत हो चुका है।
SIT ने बताया कि सोनी की पहली पत्नी श्वेता के नाम पर 14 संपत्तियां दर्ज थीं, और उसकी दूसरी पत्नी के नाम पर भी कई काले खजाने की जानकारी मिली है। सूत्रों के मुताबिक, सोनी का बेनामी नेटवर्क दुबई से लेकर देहरादून तक फैला हुआ था। सोनी की इन संपत्तियों पर अब SIT ने ‘लाल निशान’ लगा दिए हैं, जिससे उसके ठगी के साम्राज्य का पूरी तरह से पर्दाफाश हो रहा है।
श्वेता के नाम पर है काला खजाना
सोनी की पहली पत्नी श्वेता के नाम पर दर्ज संपत्तियों में बड़ी रकम छुपी हुई थी। SIT की जांच में यह सामने आया कि श्वेता के नाम पर कई संपत्तियां और बेशकीमती संपत्तियां थीं, जिनका सोनी ने गलत तरीके से अधिग्रहण किया था। SIT ने अब इन संपत्तियों को सील कर दिया है, और इस संपत्ति के माध्यम से ठगी के पूरे नेटवर्क का खुलासा करने की योजना बनाई है।
गुरुग्राम से लेकर दिल्ली तक सोनी का साम्राज्य
रवींद्रनाथ सोनी का बेनामी साम्राज्य गुरुग्राम के आलीशान फ्लैट्स से लेकर दिल्ली तक फैला हुआ था। SIT की जांच में यह खुलासा हुआ कि सोनी ने अपने निवेशकों के पैसों का इस्तेमाल करके महंगे फ्लैट्स और आलीशान संपत्तियां खरीदी थीं। इन संपत्तियों को अब जब्त कर लिया गया है, और इस मामले में आगे की जांच की जा रही है।
सोनी ने ब्लू चिप कंपनियों के नाम पर निवेशकों से भारी रकम एकत्र की थी, लेकिन इसका कोई उचित उपयोग नहीं किया। इसके बदले वह अपनी संपत्तियों में निवेश करता रहा, और ठगी के जाल में फंसा हुआ था। अब SIT ने इन संपत्तियों को कुर्क करके ठगी के इस बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश किया है।
यह है पुलिस की कार्रवाई और आगे की योजना
SIT के अधिकारियों ने बताया कि इस जांच में अब तक 700 से अधिक पीड़ितों की पहचान की जा चुकी है। पुलिस का कहना है कि सोनी के खिलाफ ठगी और धोखाधड़ी के मामलों में कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा, जिन निवेशकों ने अपनी मेहनत की कमाई सोनी को दी थी, उन्हें न्याय दिलाने के लिए SIT लगातार काम कर रही है।
इसके साथ ही, SIT के अधिकारियों ने कहा कि इस प्रकार के ठगी के मामलों में कड़ी सजा देने की आवश्यकता है, ताकि भविष्य में कोई भी व्यक्ति इस तरह के धोखाधड़ी के मामलों में शामिल न हो। पुलिस और प्रशासन अब ठगी के इस मामले को सुलझाने के लिए हर संभव कदम उठा रहे हैं और किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।
सोनी के खिलाफ चल रही जांच
रवींद्रनाथ सोनी के खिलाफ चल रही जांच अब एक नए मोड़ पर पहुंच चुकी है। SIT की इस कार्रवाई ने यह साफ कर दिया है कि इस बड़े ठग का समय अब खत्म हो चुका है। सोनी की संपत्तियों पर हुए इस प्रहार के बाद, अब उसे अपनी सारी सम्पत्ति खोनी पड़ रही है। पुलिस और SIT की टीम ने इस मामले में काफी साक्ष्य जुटाए हैं और आगे भी कार्रवाई की जाएगी।
इसके अलावा, SIT की टीम ने सोनी के द्वारा इस्तेमाल किए गए फर्जी दस्तावेजों की भी जांच शुरू कर दी है। जल्द ही इस मामले में और भी कई खुलासे हो सकते हैं।
ठगी की कमाई पर ‘स्ट्राइक’
संपत्ति कुर्की के बाद पुलिस का कहना है कि ठगी से कमाए गए पैसे को अब कानूनी रूप से नष्ट किया जाएगा। इससे यह सुनिश्चित किया जाएगा कि भविष्य में ऐसे अपराधों को रोका जा सके। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए SIT और पुलिस विभाग लगातार काम कर रहे हैं ताकि ठगी के शिकार लोगों को न्याय मिल सके।



