Gold Smuggling Case : अभिनेत्री रान्या राव के सौतेले पिता डीजीपी के रामचंद्र राव को अनिवार्य छुट्टी पर भेजा गया

Gold Smuggling Case : अभिनेत्री रान्या राव के सौतेले पिता कर्नाटक में डीजीपी हैं. सोने की तस्करी के मामले में अभिनेत्री की गिरफ्तारी के कुछ दिनों बाद उन्हें अनिवार्य छुट्टी पर भेज दिया गया है. पुलिस महानिदेशक (कर्नाटक राज्य पुलिस आवास निगम) के रामचंद्र राव की छुट्टी का आदेश आज शाम जारी किया गया. आदेश में कोई कारण नहीं बताया गया है. इस महीने की शुरुआत में, रान्या राव को बेंगलुरु हवाई अड्डे पर गिरफ्तार किया गया था, जब अधिकारियों ने उनके पास 14.8 किलोग्राम सोना पाया था.
प्रारंभिक जांच से पता चलता है कि रान्या राव ने सुरक्षा जांच से बचने के लिए अपने संपर्कों का इस्तेमाल किया; उसने कथित तौर पर खुद को कर्नाटक के डीजीपी की बेटी बताया और एस्कॉर्ट के लिए स्थानीय पुलिस से संपर्क किया. हालांकि, अधिकारी कुछ समय से रान्या राव पर नज़र रख रहे थे; 15 दिनों में दुबई की चार यात्राएं करने के बाद उनका संदेह पैदा हुआ.
दुबई से आने के बाद राजस्व खुफिया निदेशालय ने उसे गिरफ्तार कर लिया. सूत्रों ने कहा कि गिरफ्तार करने वाले अधिकारियों ने पाया कि वह काफी मात्रा में सोना पहनकर और बाकी को अपने कपड़ों में छिपाकर देश में सोने की तस्करी करने की कोशिश कर रही थीं. रान्या के सौतेले पिता पर भी कई तरह के आरोप लग रहे हैं.
रान्या राव ने डीआरआई पर उठाए सवाल
रान्या राव को 3 मार्च को दुबई से लौटते समय बेंगलुरु एयरपोर्ट पर 12.56 करोड़ रुपये के 14.2 किलोग्राम सोने के साथ गिरफ्तार किया गया था. रान्या राव ने बेंगलुरु में डीआरआई के अतिरिक्त महानिदेशक को पत्र लिखकर दावा किया कि उन पर झूठा मामला थोपा गया है. उन्होंने आरोप लगाया कि राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआई) के अधिकारियों ने उससे मारपीट की और उसे खाली और पहले से लिखे कुछ कागजों पर हस्ताक्षर करने के लिए मजबूर किया.
अभिनेत्री ने लगाया मारपीट का आरोप
अभिनेत्री ने दावा किया कि हिरासत में लिए जाने से लेकर अदालत में पेश किए जाने तक उसे 10 से 15 बार थप्पड़ मारे गए. उन्होंने आरोप लगाया, “बार-बार मारपीट और थप्पड़ मारे जाने के बावजूद मैंने उनके (डीआरआई अधिकारियों) की ओर से तैयार किए गए बयान पर हस्ताक्षर करने से इनकार कर दिया.” रान्या राव ने दावा किया, “अधिकारियों में से एक ने मुझसे कहा कि अगर वह हस्ताक्षर नहीं करेगी तो वे मेरे पिता का नाम और पहचान उजागर कर देंगे, भले ही हम जानते हैं कि वह इसमें शामिल नहीं हैं.”
रान्या राव की जमानत याचिका खारिज की
रान्या राव अभी जेल में है और फिलहाल उन्हें जेल में ही रहना पड़ेगा क्योंकि बेंगलुरु की एक विशेष अदालत ने शुक्रवार को जमानत याचिका को उनकी ठुकरा दिया. डीआरआई ने पहले अदालत को बताया था कि रान्या राव से जुड़ा सोना तस्करी का मामला अंतरराष्ट्रीय स्तर का है और इसमें हवाला का भी कनेक्शन है. इस वजह से यह राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा हुआ मामला बन गया है. उन्होंने कहा कि तस्करी के इस गिरोह की भूमिका की जांच जरूरी है.