
रिपोर्ट – ब्रजेश शर्मा
देशभर में सिगरेट पीने वाले उपभोक्ताओं को 1 मई से कीमतों में बढ़ोतरी का सामना करना पड़ सकता है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ITC और Godfrey Phillips India सिगरेट के दामों में करीब 17 प्रतिशत तक की वृद्धि करने पर विचार कर रही हैं। यदि यह निर्णय लागू होता है, तो यह इस वर्ष दूसरी बड़ी कीमत वृद्धि होगी, जिससे विभिन्न ब्रांड्स के दामों पर सीधा असर पड़ेगा।

डिस्ट्रीब्यूटर स्तर पर बातचीत के बाद बढ़ोतरी की संभावना
सूत्रों के अनुसार, यह संभावित बढ़ोतरी डिस्ट्रीब्यूटर स्तर पर हुई बातचीत के आधार पर सामने आई है। हालांकि कंपनियों की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है, लेकिन बाजार में इस बात की चर्चा तेज हो गई है कि जल्द ही नई कीमतें लागू की जा सकती हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि हाल के टैक्स बदलाव और उत्पादन लागत में वृद्धि के कारण कंपनियां अपने मार्जिन को संतुलित करने के लिए कीमतों में संशोधन कर सकती हैं।
प्रमुख ब्रांड्स पर असर की है संभावना
अगर यह प्रस्ताव लागू होता है, तो कई लोकप्रिय सिगरेट ब्रांड्स की कीमतों में बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। रिपोर्ट के अनुसार, Gold Flake Premium का पैक जो वर्तमान में लगभग 115 रुपये का है, वह बढ़कर करीब 135 रुपये तक पहुंच सकता है।

इसके अलावा Gold Flake Kings, Classic और Marlboro जैसे प्रमुख किंग-साइज ब्रांड्स भी इस बढ़ोतरी के दायरे में आ सकते हैं। ये वही ब्रांड्स हैं जिनकी बिक्री पिछले टैक्स संशोधन के बाद प्रभावित हुई थी।
पहले भी हो चुकी है कीमतों में बढ़ोतरी
गौरतलब है कि सरकार ने 1 फरवरी को सिगरेट पर एक्साइज ड्यूटी में 30 से 40 प्रतिशत तक वृद्धि की थी। इसके बाद कंपनियों ने अलग-अलग कैटेगरी में कीमतें बढ़ाई थीं।

विशेष रूप से प्रीमियम सेगमेंट में कीमतों में अधिक बढ़ोतरी देखी गई थी। किंग-साइज सिगरेट की कीमत प्रति सिगरेट लगभग 20 रुपये से बढ़कर 25 से 28 रुपये तक पहुंच गई थी।

इस बदलाव के बाद कई उपभोक्ताओं ने सस्ते विकल्पों की ओर रुख किया था, जिससे बाजार की मांग संरचना में भी बदलाव देखने को मिला।
जानिए कंपनियों की रणनीति और बाजार स्थिति
मार्च और अप्रैल के दौरान बिक्री में सुस्ती आने के बाद कंपनियां अब अपनी रणनीति पर पुनर्विचार कर रही हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, बढ़ती टैक्स लागत और उत्पादन खर्च को देखते हुए कंपनियां एक बार फिर कीमतों में संशोधन पर विचार कर रही हैं।

इसके साथ ही कंपनियों का उद्देश्य अपने लाभ मार्जिन को बनाए रखना और बाजार में स्थिरता सुनिश्चित करना भी है।
शेयर बाजार में दिखा असर
29 अप्रैल को संभावित कीमत वृद्धि की खबरों के बीच सिगरेट और FMCG सेक्टर की कंपनियों के शेयरों में हलचल देखी गई। निवेशकों ने इस खबर पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी।

ITC के शेयरों में लगभग 4 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई, जबकि Godfrey Phillips India के शेयरों में 6.5 प्रतिशत तक की तेजी देखने को मिली।

इसके अलावा, निफ्टी FMCG इंडेक्स भी मजबूती के साथ कारोबार करता नजर आया, जिससे यह संकेत मिला कि बाजार इस संभावित बदलाव को लेकर पहले से ही प्रतिक्रिया दे रहा है।
उपभोक्ताओं पर पड़ेगा संभावित प्रभाव
यदि कीमतों में यह बढ़ोतरी लागू होती है, तो इसका सीधा असर उपभोक्ताओं की जेब पर पड़ेगा। खासकर प्रीमियम और किंग-साइज सिगरेट की श्रेणी में खर्च बढ़ सकता है।

इसके चलते कुछ उपभोक्ता सस्ते विकल्पों की ओर रुख कर सकते हैं, जैसा कि पिछले मूल्य संशोधन के बाद देखा गया था। हालांकि, बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि प्रीमियम ब्रांड्स की मांग पूरी तरह समाप्त नहीं होती, बल्कि केवल उपभोक्ता व्यवहार में बदलाव आता है।

कुल मिलाकर, सिगरेट की कीमतों में संभावित 17 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी आने वाले दिनों में बाजार और उपभोक्ताओं दोनों को प्रभावित कर सकती है। हालांकि अभी तक कंपनियों की ओर से आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन बाजार में इस चर्चा ने हलचल जरूर पैदा कर दी है।

अब सभी की नजरें 1 मई पर टिकी हैं कि क्या वास्तव में नई कीमतें लागू होती हैं या नहीं।



