
रिपोर्ट – ब्रजेश शर्मा
नई दिल्ली: 15 अप्रैल 2026 को सर्राफा बाजार में सोना और चांदी दोनों की कीमतों में उतार-चढ़ाव देखने को मिला। हालांकि दिन के अंत तक सोने का भाव 1.55 लाख रुपये के पार बना रहा, जबकि चांदी में भी मजबूती दर्ज की गई। इससे निवेशकों के साथ-साथ आम उपभोक्ताओं की खरीदारी रणनीति पर प्रभाव पड़ा है।

सोने की कीमत 1.55 लाख के ऊपर
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय संकेतों और घरेलू मांग के चलते सोने की कीमतों में तेजी बनी हुई है। 15 अप्रैल 2026 सोने का रेट 1,55,000 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर से ऊपर बना रहा। हालांकि दिन के दौरान हल्का उतार-चढ़ाव देखा गया, लेकिन समग्र रुख मजबूत ही रहा।

विश्लेषकों का कहना है कि वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता, डॉलर की चाल और अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की मांग जैसे कारक घरेलू कीमतों को प्रभावित करते हैं। इसके अलावा, शादी-विवाह के सीजन और निवेश की बढ़ती रुचि भी कीमतों को सहारा देती है।
चांदी में भी आई तेजी
सोने के साथ-साथ चांदी की कीमतों में भी बढ़त दर्ज की गई। औद्योगिक मांग और निवेशकों की सक्रियता के कारण चांदी के भाव में मजबूती देखी गई। बाजार जानकारों के मुताबिक, चांदी में आई तेजी ने निवेशकों को आकर्षित किया है, क्योंकि इसे सोने के मुकाबले किफायती विकल्प के रूप में भी देखा जाता है।

हालांकि, चांदी की कीमतें आमतौर पर अधिक अस्थिर रहती हैं। इसलिए विशेषज्ञ निवेशकों को सतर्कता बरतने की सलाह देते हैं।
निवेशकों और खरीदारों पर पड़ेगा प्रभाव
सोना और चांदी पारंपरिक रूप से सुरक्षित निवेश विकल्प माने जाते हैं। जब बाजार में अनिश्चितता बढ़ती है, तो निवेशक कीमती धातुओं की ओर रुख करते हैं। 15 अप्रैल को भी इसी प्रवृत्ति का असर देखा गया।

हालांकि, कीमतों में तेजी के कारण आम खरीदारों, विशेषकर आभूषण खरीदने वालों, को अधिक खर्च करना पड़ सकता है। ऐसे में कई उपभोक्ता कीमतों में स्थिरता का इंतजार कर सकते हैं।
जानिए क्या हैं आगे के संकेत?
विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में अंतरराष्ट्रीय बाजार की चाल, केंद्रीय बैंकों की नीतियां और घरेलू मांग कीमतों की दिशा तय करेंगी। यदि वैश्विक स्तर पर आर्थिक अस्थिरता बनी रहती है, तो सोने और चांदी में मजबूती जारी रह सकती है।

इसके विपरीत, यदि बाजार में स्थिरता आती है, तो कीमतों में कुछ नरमी भी देखी जा सकती है। इसलिए निवेशकों को बाजार की स्थिति पर नजर रखते हुए सोच-समझकर निर्णय लेने की सलाह दी जाती है।

समग्र रूप से, 15 अप्रैल 2026 सोने का रेट 1.55 लाख रुपये के पार बना रहना बाजार की मजबूती को दर्शाता है। साथ ही, चांदी में आई तेजी ने कीमती धातुओं के बाजार को सक्रिय बनाए रखा है।

ऐसे में निवेशकों और आम खरीदारों दोनों के लिए यह जरूरी है कि वे बाजार के संकेतों को ध्यान में रखते हुए अपने फैसले लें और दीर्घकालिक दृष्टिकोण अपनाएं।



