कानपुर: ज्वैलरी शॉप चोरी का 4 दिन में हुआ खुलासा, पुलिस ने आरोपी को माल सहित किया गिरफ्तार

रिपोर्ट – शुभम शर्मा
कानपुर: थाना कलेक्टरगंज क्षेत्र स्थित एक ज्वैलर्स की दुकान में हुई चोरी की घटना का पुलिस ने महज चार दिनों में खुलासा कर दिया। पुलिस ने आरोपी को चोरी किए गए आभूषणों के साथ गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

20 अप्रैल को हुई थी चोरी
जानकारी के अनुसार, 20 अप्रैल 2026 को नयागंज स्थित एक ज्वेलरी दुकान से सोने के आभूषण चोरी हो गए थे। घटना के बाद व्यापारी द्वारा थाने में शिकायत दर्ज कराई गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना कलेक्टर गंज पुलिस और सर्विलांस टीम को जांच में लगाया गया।

इसके बाद पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच शुरू की। ऑपरेशन कनविक्शन के तहत सैकड़ों कैमरों की फुटेज खंगाली गई, जिससे संदिग्ध की पहचान संभव हो सकी।
रेलवे रोड से हुई गिरफ्तारी
प्रेस वार्ता के दौरान अंजलि विश्वकर्मा ने बताया कि 24 अप्रैल की रात लगभग 9:13 बजे रेलवे रोड स्थित अंग्रेजी ठेके के पास से आरोपी को गिरफ्तार किया गया।

गिरफ्तार आरोपी की पहचान आलोक शाक्य (32) के रूप में हुई है, जो ग्राम उद्देपुर अभई, थाना कोतवाली, जिला मैनपुरी का निवासी है। गिरफ्तारी के समय उसके पास से चोरी किए गए आभूषण बरामद किए गए।
यह है बरामदगी का विवरण
पुलिस के अनुसार, आरोपी के कब्जे से एक सोने की अंगूठी, एक जोड़ी कान के टॉप्स तथा सोने का एक टुकड़ा बरामद हुआ। बरामद आभूषणों का कुल वजन लगभग 10.53 ग्राम बताया गया है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 1.45 लाख रुपये आंकी गई है।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि बरामद माल को विधिक प्रक्रिया के तहत सील कर लिया गया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।
पूर्व में भी दर्ज हैं मामले
प्रेस वार्ता में यह भी जानकारी दी गई कि आरोपी का पूर्व आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ मैनपुरी और इटावा सहित विभिन्न थानों में चोरी और आर्म्स एक्ट समेत कुल छह मामले दर्ज हैं।

हालांकि प्रत्येक मामले में अंतिम निर्णय न्यायालय द्वारा किया जाएगा, लेकिन पुलिस रिकॉर्ड के आधार पर आरोपी की पृष्ठभूमि की पुष्टि की गई है।
टीम ने की संयुक्त कार्रवाई
इस सफलता के पीछे थाना प्रभारी विनय तिवारी के नेतृत्व में एक टीम की सक्रिय भूमिका रही। टीम में उपनिरीक्षक प्रदीप भाटी, मनोज कुमार, विकास त्यागी, सुरदीप डागर तथा कांस्टेबल सुमित बादल और विनय पटेल शामिल थे।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, तकनीकी निगरानी, स्थानीय सूचना तंत्र और सतत निगरानी के कारण आरोपी तक पहुंचना संभव हो पाया।
व्यापारियों में दिखी राहत
घटना के खुलासे के बाद स्थानीय व्यापारियों में राहत की भावना देखी गई। नयागंज क्षेत्र व्यापारिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जाता है, इसलिए पुलिस की त्वरित कार्रवाई को सकारात्मक कदम माना जा रहा है।

व्यापार मंडल के कुछ सदस्यों ने कहा कि समय पर खुलासा होने से सुरक्षा को लेकर विश्वास बढ़ा है। हालांकि उन्होंने बाजार क्षेत्रों में नियमित गश्त और निगरानी बढ़ाने की मांग भी की।
जानिए पुलिस की अपील
पुलिस ने नागरिकों और व्यापारियों से अपील की है कि वे अपने प्रतिष्ठानों में उच्च गुणवत्ता वाले सीसीटीवी कैमरे लगाएं और सुरक्षा मानकों का पालन करें।

साथ ही किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी थाने या हेल्पलाइन नंबर पर देने का अनुरोध किया गया है।

कुल मिलाकर, कानपुर में ज्वेलरी शॉप चोरी के मामले का चार दिन में खुलासा पुलिस की त्वरित और समन्वित कार्रवाई का उदाहरण माना जा रहा है। तकनीकी साक्ष्य और सतर्क निगरानी के आधार पर आरोपी की गिरफ्तारी से यह स्पष्ट होता है कि आधुनिक जांच पद्धतियां अपराध नियंत्रण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।



