कानपुर: जनगणना-2027 – घाटमपुर के दो प्रगणकों ने तीन दिन में पूरा किया शत-प्रतिशत मकान सूचीकरण कार्य

“न्यूज़ डेस्क”
कानपुर: जनगणना-2027 के प्रथम चरण के अंतर्गत कानपुर नगर के घाटमपुर तहसील क्षेत्र से एक प्रेरणादायक उदाहरण सामने आया है। यहां दो प्रगणकों ने अपनी जिम्मेदारी, सेवा भावना और समयबद्ध कार्यशैली का परिचय देते हुए मात्र तीन दिनों में अपने निर्धारित क्षेत्र का शत-प्रतिशत मकान सूचीकरण एवं भवन गणना कार्य पूरा कर लिया। प्रशासन ने उनके इस उत्कृष्ट कार्य की सराहना करते हुए उन्हें सम्मानित भी किया।

जनगणना जैसे बड़े राष्ट्रीय अभियान में समय पर और सटीक आंकड़ों का संकलन बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। ऐसे में घाटमपुर तहसील के इन दोनों प्रगणकों की कार्यशैली अन्य कर्मचारियों और प्रगणकों के लिए प्रेरणा बनकर सामने आई है। अधिकारियों का कहना है कि यदि सभी कर्मचारी इसी प्रकार निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ कार्य करें, तो जनगणना अभियान निर्धारित समय सीमा में सफलतापूर्वक पूरा किया जा सकता है।

तीन दिन में पूरा किया पूरा कार्य
जानकारी के अनुसार प्रगणक सुरेन्द्र सिंह ने एचएलबी 722 क्षेत्र में कुल 72 भवनों के अंतर्गत आने वाले 81 जनगणना मकानों का सूचीकरण एवं भवन गणना कार्य सफलतापूर्वक पूरा किया। वहीं दूसरी ओर आंगनबाड़ी कार्यकत्री गायत्री देवी ने 126 भवनों में स्थित 158 जनगणना मकानों का शत-प्रतिशत सर्वे कार्य निर्धारित समय से पहले पूर्ण कर लिया।

दोनों प्रगणकों ने लगातार क्षेत्र में भ्रमण कर घर-घर जाकर जानकारी एकत्र की और निर्धारित प्रारूप के अनुसार सभी आंकड़ों को संकलित किया। खास बात यह रही कि उन्होंने कार्य की गुणवत्ता और सटीकता पर भी पूरा ध्यान दिया।
तहसील प्रशासन ने किया गया सम्मानित
उत्कृष्ट कार्य को देखते हुए अंकिता पाठक ने दोनों प्रगणकों को सम्मानित किया। इस दौरान तहसील प्रशासन ने कहा कि जनगणना केवल आंकड़ों का संग्रह नहीं है, बल्कि यह देश की विकास योजनाओं की नींव तैयार करने वाला महत्वपूर्ण अभियान है।

तहसीलदार ने कहा कि समय पर और सही आंकड़े उपलब्ध होने से सरकार को शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, आवास और आधारभूत सुविधाओं से जुड़ी योजनाएं तैयार करने में मदद मिलती है। इसलिए जनगणना कार्य में लगे सभी कर्मचारियों की जिम्मेदारी बेहद महत्वपूर्ण हो जाती है।
कवरेज प्रमाण पत्र भी किए गए जारी
दोनों प्रगणकों द्वारा कार्य पूर्ण किए जाने के बाद तहसील टीम ने उनसे कवरेज प्रमाण पत्र प्राप्त किए। अधिकारियों ने कार्य की समीक्षा करते हुए इसे पूरी तरह संतोषजनक बताया। साथ ही यह भी कहा गया कि सीमित समय में शत-प्रतिशत कार्य पूरा करना आसान नहीं होता, लेकिन दोनों कर्मचारियों ने समर्पण और मेहनत से इसे संभव बनाया।

प्रशासन के अनुसार जनगणना कार्य में सटीकता और पारदर्शिता बनाए रखना सबसे बड़ी चुनौती होती है। हालांकि घाटमपुर तहसील की इस उपलब्धि ने यह साबित कर दिया कि बेहतर योजना और लगन के साथ कठिन कार्य भी समय पर पूरे किए जा सकते हैं।
अन्य प्रगणकों के लिए बने प्रेरणा
तहसील प्रशासन ने दोनों प्रगणकों के कार्य को अन्य कर्मचारियों के लिए प्रेरणादायक बताया। अधिकारियों का कहना है कि जनगणना अभियान एक राष्ट्रीय जिम्मेदारी है और इसमें लापरवाही की कोई गुंजाइश नहीं होती। ऐसे में जो कर्मचारी समयबद्धता और निष्ठा के साथ कार्य कर रहे हैं, वे वास्तव में प्रशंसा के पात्र हैं।

इसके अलावा प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया कि जनगणना के दौरान नागरिकों का सहयोग भी बेहद जरूरी है। यदि लोग सही जानकारी उपलब्ध कराएं, तो सर्वे कार्य तेजी और पारदर्शिता के साथ पूरा किया जा सकता है।
उप जिलाधिकारी ने दी बधाई
अबिचल प्रताप सिंह ने दोनों प्रगणकों को बधाई देते हुए कहा कि उनका कार्य अनुकरणीय है। उन्होंने अन्य प्रगणकों से भी अपील की कि वे पूरी गंभीरता, निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ अपने कार्यों को पूरा करें।

उन्होंने कहा कि जनगणना देश की नीतियों और विकास योजनाओं का आधार होती है। इसलिए प्रत्येक कर्मचारी को यह समझना चाहिए कि उसका योगदान राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
जानिए क्या है जनगणना-2027 का उद्देश्य
जनगणना-2027 का मुख्य उद्देश्य देश की जनसंख्या, आवासीय स्थिति, सामाजिक और आर्थिक परिस्थितियों से जुड़े आंकड़े एकत्र करना है। इन आंकड़ों के आधार पर सरकार भविष्य की योजनाएं तैयार करती है।

जनगणना के प्रथम चरण में मकान सूचीकरण और भवन गणना का कार्य किया जा रहा है। इसके अंतर्गत प्रत्येक भवन, मकान और परिवार से जुड़ी मूलभूत जानकारी दर्ज की जाती है। इसके बाद दूसरे चरण में जनसंख्या से संबंधित विस्तृत आंकड़े जुटाए जाएंगे।
डिजिटल व्यवस्था से बढ़ी पारदर्शिता
इस बार जनगणना कार्य में डिजिटल तकनीक का भी उपयोग किया जा रहा है। इससे डेटा संग्रहण की प्रक्रिया अधिक तेज और पारदर्शी बनी है। अधिकारियों का कहना है कि डिजिटल माध्यम अपनाने से त्रुटियों में कमी आएगी और आंकड़ों का विश्लेषण भी आसान होगा।

हालांकि ग्रामीण क्षेत्रों में नेटवर्क और तकनीकी संसाधनों की कुछ चुनौतियां सामने आ रही हैं, लेकिन प्रशासनिक टीम लगातार इन समस्याओं को दूर करने का प्रयास कर रही है।

कानपुर नगर के घाटमपुर तहसील में दो प्रगणकों द्वारा महज तीन दिनों में शत-प्रतिशत मकान सूचीकरण कार्य पूरा करना न केवल प्रशासनिक दक्षता का उदाहरण है, बल्कि यह जनसेवा और जिम्मेदारी की भावना को भी दर्शाता है। जनगणना जैसे राष्ट्रीय अभियान में इस प्रकार की कार्यशैली निश्चित रूप से अन्य कर्मचारियों को प्रेरित करेगी। प्रशासन को उम्मीद है कि सभी प्रगणक इसी समर्पण के साथ कार्य करेंगे, जिससे जनगणना-2027 का अभियान सफलतापूर्वक पूरा किया जा सके।



